Original, Compatible & Refilled Toner
Original Toner
प्रिंटर निर्माता कंपनी द्वारा बनाया गया टोनर
ओरिजिनल टोनर वह टोनर कार्ट्रिज होता है जिसे उसी कंपनी द्वारा बनाया जाता है जिसने आपके लेज़र प्रिंटर का निर्माण किया है। इसे ओरिजिनल इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरर टोनर भी कहा जाता है। उदाहरण के लिए, यदि आपके पास HP का लेज़र प्रिंटर है, तो HP द्वारा बनाया गया टोनर ओरिजिनल टोनर कहलाएगा। इसी प्रकार Canon, Brother, Epson, Xerox, Kyocera और अन्य कंपनियाँ भी अपने-अपने प्रिंटर मॉडल के लिए ओरिजिनल टोनर तैयार करती हैं। इस प्रकार के टोनर को प्रिंटर के हार्डवेयर, प्रिंटिंग तकनीक और प्रदर्शन को ध्यान में रखकर डिज़ाइन किया जाता है। यही कारण है कि यह प्रिंटर के साथ पूरी तरह संगत होता है और बेहतरीन गुणवत्ता वाले प्रिंट प्रदान करने में सक्षम होता है। आप ऐसे दस्तावेज़ प्रिंट करते हैं जिनमें स्पष्ट टेक्स्ट, साफ़ ग्राफ़िक्स और लंबे समय तक टिकने वाली प्रिंट गुणवत्ता की आवश्यकता होती है, तो ओरिजिनल टोनर सबसे अच्छा विकल्प माना जाता है जो थोड़ा कॉस्टली होता है।
ओरिजिनल टोनर में उच्च गुणवत्ता वाला टोनर पाउडर भरा रहता है, जिसे विशेष तकनीक से तैयार किया जाता है। इस पाउडर में प्लास्टिक रेज़िन, कार्बन ब्लैक, रंगद्रव्य, वैक्स और अन्य विशेष एडिटिव्स का संतुलित मिश्रण होता है। जब प्रिंटर को प्रिंट का आदेश मिलता है, तो लेज़र बीम सबसे पहले OPC ड्रम पर टेक्स्ट या चित्र की अदृश्य छवि बनाती है। इसके बाद टोनर पाउडर उसी छवि पर चिपक जाता है। फिर यह टोनर कागज़ पर स्थानांतरित होता है और फ्यूज़र यूनिट की गर्मी तथा दबाव की सहायता से स्थायी रूप से कागज़ पर चिपक जाता है। इस पूरी प्रक्रिया में ओरिजिनल टोनर की गुणवत्ता बहुत महत्वपूर्ण होती है, क्योंकि अच्छी गुणवत्ता वाला टोनर समान रूप से फैलता है और हर बार साफ़, गहरे तथा स्पष्ट प्रिंट देता है। ओरिजिनल टोनर का सबसे बड़ा लाभ इसकी उत्कृष्ट प्रिंट गुणवत्ता है। इससे निकले हुए अक्षर गहरे काले, स्पष्ट और पढ़ने में आसान होते हैं। यदि रंगीन ओरिजिनल टोनर का उपयोग किया जाए, तो फोटो, चार्ट और ग्राफ़िक्स के रंग भी अधिक सटीक और आकर्षक दिखाई देते हैं। यही कारण है कि सरकारी कार्यालय, बैंक, स्कूल, कॉलेज, अस्पताल, कॉर्पोरेट कंपनियाँ और बड़े व्यवसाय अपने महत्वपूर्ण दस्तावेज़ों के लिए ओरिजिनल टोनर का उपयोग करना पसंद करते हैं। यह न केवल प्रिंट की गुणवत्ता को बेहतर बनाता है, बल्कि दस्तावेज़ों को पेशेवर रूप भी देता है।
ओरिजिनल टोनर का एक और महत्वपूर्ण लाभ इसकी विश्वसनीयता है। चूँकि इसे प्रिंटर निर्माता कंपनी द्वारा उसी मॉडल के लिए तैयार किया जाता है, इसलिए इसके कारण प्रिंटर में तकनीकी समस्याएँ आने की संभावना बहुत कम रहती है। टोनर लीक होना, धब्बे आना, कागज़ जाम होना या असमान प्रिंट जैसी समस्याएँ ओरिजिनल टोनर में कम देखने को मिलती हैं। इसके अलावा यह OPC ड्रम, डेवलपर रोलर, PCR रोलर और फ्यूज़र यूनिट जैसे महत्वपूर्ण भागों की सुरक्षा में भी मदद करता है, जिससे प्रिंटर की कार्यक्षमता और आयु बढ़ती है। ओरिजिनल टोनर की एक और विशेषता इसकी सही पेज यील्ड है। प्रत्येक टोनर कार्ट्रिज पर कंपनी यह जानकारी देती है कि वह लगभग कितने पृष्ठ प्रिंट कर सकता है। सामान्य उपयोग की स्थिति में ओरिजिनल टोनर लगभग उतनी ही क्षमता प्रदान करता है, जिससे उपयोगकर्ता को प्रिंटिंग लागत का सही अनुमान लगाने में आसानी होती है। यही कारण है कि कार्यालयों और व्यवसायों में ओरिजिनल टोनर को अधिक भरोसेमंद माना जाता है।
फायदे
सर्वोत्तम गुणवत्ता
लंबी आयु
अधिक विश्ववसनीय
वारन्टी सुरक्षित
Compatible Toner
तीसरी कंपनी द्वारा बनाया गया टोनर
फायदे
कम कीमत
कई विकल्प मौजूद
नुकसान
गुणवत्ता में अंतर आ सकता है।
Refilled टोनर
पुराने काट्रिज में दोबारा टोनर भरकर उपयोग करना।
फायदे
कम खर्च
नुकसान
प्रिंट गुणवत्ता अच्छी नहीं हो सकती
काट्रिज जल्दी ख़राब हो सकता है
लीकेज की संभावना

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